
जिलाधिकारी की अनूठी पहल: 11 फरवरी को स्कूलों में जाकर बच्चों का तनाव दूर करेंगे अधिकारी
बागेश्वर। बोर्ड परीक्षाओं की घड़ी नजदीक आते ही छात्र-छात्राओं के मन में पनपने वाले परीक्षा के भय और तनाव को दूर करने के लिए जिला प्रशासन ने एक अभिनव पहल शुरू की है। जिलाधिकारी आकांक्षा कोंडे के निर्देशन में जिले के 100 वरिष्ठ अधिकारी अब स्कूलों में जाकर “गुरु” की भूमिका निभाएंगे। ये अधिकारी विद्यार्थियों का मनोबल बढ़ाने के साथ-साथ उन्हें परीक्षा में बेहतर प्रदर्शन के टिप्स भी देंगे।
मुख्य शिक्षा अधिकारी विनय कुमार आर्या ने बताया कि इस विशेष अभियान के लिए विभिन्न विभागों के 100 जिम्मेदार अधिकारियों को नामित किया गया है। बुधवार, 11 फरवरी को ये सभी अधिकारी जिले के अलग-अलग राजकीय विद्यालयों का रुख करेंगे। वहां वे सीधे बोर्ड परीक्षार्थियों से रूबरू होंगे और अपने जीवन के अनुभव साझा कर उनमें आत्मविश्वास जगाएंगे।
तनाव प्रबंधन और टाइम मैनेजमेंट पर होगा जोर जिलाधिकारी की इस पहल का मुख्य उद्देश्य बच्चों को मानसिक रूप से सशक्त बनाना है। अधिकारी बच्चों को बताएंगे कि कैसे कम समय में बेहतर तैयारी की जाए, कठिन विषयों को कैसे समझें और परीक्षा के दौरान एकाग्रता कैसे बनाए रखें। अधिकारियों के अनुभव से छात्र यह सीख पाएंगे कि सीमित संसाधनों के बावजूद लक्ष्य को कैसे हासिल किया जाता है।
अधिकारियों की क्लास, सफलता की आस जिला प्रशासन का मानना है कि जब जिले के शीर्ष अधिकारी स्वयं विद्यार्थियों के बीच पहुंचेंगे, तो इसका सकारात्मक मनोवैज्ञानिक प्रभाव पड़ेगा। इससे न केवल विद्यार्थियों का शैक्षणिक स्तर सुधरेगा, बल्कि उन्हें अपने करियर के लिए एक नया दृष्टिकोण भी मिलेगा।





