
बागेश्वर। उत्तराखंड की बेटियों ने एक बार फिर साबित कर दिया है कि उनके हौसलों के आगे आसमान भी छोटा है। बागेश्वर जिले के बिलखेत गांव की प्रतिभावान पैरा खिलाड़ी रजनी धपोला ने असम के गुवाहाटी में आयोजित ‘दूसरी राष्ट्रीय पैरा लॉन बॉल चैंपियनशिप’ में शानदार प्रदर्शन कर देवभूमि का मान बढ़ाया है। 24 से 28 मार्च 2026 तक चली इस प्रतिष्ठित प्रतियोगिता में रजनी ने एक स्वर्ण (गोल्ड) और एक रजत (सिल्वर) पदक जीतकर इतिहास रच दिया है।

शारीरिक बाधाओं को मात देकर हासिल किया मुकाम
बिलखेत निवासी नंदन सिंह और बीना देवी की पुत्री रजनी धपोला की यह सफलता साधारण नहीं है। उन्होंने अपनी शारीरिक चुनौतियों को कभी अपनी प्रगति के आड़े नहीं आने दिया। रजनी वर्तमान में पंडित बीडी पांडेय परिसर से बीएड का प्रशिक्षण ले रही हैं। पढ़ाई के साथ-साथ खेल के मैदान में उनकी यह उपलब्धि युवाओं और विशेषकर दिव्यांग खिलाड़ियों के लिए एक बड़ी प्रेरणा है।
पदकों से भरा है रजनी का सफर
यह पहली बार नहीं है जब रजनी ने पदक जीता हो। इससे पूर्व उन्होंने देहरादून में आयोजित राज्य स्तरीय खेल महाकुंभ में भी अपनी प्रतिभा का लोहा मनवाया था, जहाँ उन्होंने 100 मीटर दौड़ और डिस्कस थ्रो में दो रजत पदक हासिल किए थे। गुवाहाटी में राष्ट्रीय स्तर पर गोल्ड और सिल्वर जीतना उनके करियर की अब तक की सबसे बड़ी उपलब्धि मानी जा रही है।
जिले में खुशी की लहर
रजनी की इस ऐतिहासिक जीत पर उनके गांव बिलखेत सहित पूरे बागेश्वर जिले में खुशी का माहौल है। परिजनों को बधाई देने वालों का तांता लगा हुआ है। स्थानीय खेल प्रेमियों और जनप्रतिनिधियों ने रजनी की इस सफलता को जनपद के लिए गौरव का क्षण बताया है।





