जनता दरबार में नदारद रहे कई अ​​धिकारी, सीडीओ ने जताई नाराजगी

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बागेश्वर। जिलाधिकारी के निर्देश पर तहसील सभागार में जनता दरबार, अधिकारियों की अनुपस्थिति पर सीडीओ ने जताई नाराजगी।

जिलाधिकारी आशीष भटगांई के निर्देशानुसार सोमवार को तहसील सभागार में जनता दरबार का आयोजन किया गया। मुख्य विकास अधिकारी आरसी तिवारी की अध्यक्षता में आयोजित जनता दरबार में विभिन्न क्षेत्रों से आए फरियादियों ने अपनी समस्याओं और शिकायतों को अधिकारियों के समक्ष रखा। कई अधिकारियों के जनता दरबार से नदारद रहने पर मुख्य विकास अधिकारी ने गहरी नाराजगी व्यक्त करते हुए स्पष्टीकरण देने के निर्देश दिए। मुख्य विकास अधिकारी ने फरियादियों की समस्याओं व शिकायतों को सुना और त्वरित निवारण का आश्वासन दिया गया। उन्होंने कहा कि जनता दरबार का मुख्य उद्देश्य आम लोगों की समस्याओं का त्वरित और प्रभावी समाधान सुनिश्चित करना है और इसमें किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।

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जनता दरबार मे अधिशासी अभियंता पीएमजीएसवाई बागेश्वर एवं कपकोट, जल संस्थान व ईई विद्युत के साथ ही अपर मुख्य अधिकारी जिला पंचायत,आबकारी अधिकारी, महाप्रबंधक उद्योग केंद्र, जिला पंचायत राज अधिकारी, उद्यान अधिकारी, सैनिक कल्याण अधिकारी एवं पुलिस विभाग के अधिकारियों के नदारद रहने पर सीडीओ ने गहरी नाराजगी व्यक्त करते हुए सभी अनुपस्थित अधिकारियों को स्पष्टीकरण देने के निर्देश दिए है।

जनता दरबार में हरगोविंद कांडपाल ने जल निगम द्वारा स्थापित टैंक में पानी की कमी की शिकायत की, नारायण सिंह ने संपत्ति विवाद से संबंधित समस्या दर्ज कराई जिसे पुलिस विभाग को निपटारे हेतु भेजा गया। नवनीत सिंह बिष्ट ने वन्य वृक्ष की अनधिकृत कटाई से संबंधित शिकायत उठाई जिसे आवश्यक कार्यवाही हेतु डीएफओ के संज्ञान में भेजा गया। शीला ने नदी के किनारे सुरक्षा उपायों की मांग की ताकि किसी अप्रिय दुर्घटना को टाला जा सके। शेष शिकायतों का मौके पर समाधान किया गया।

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इसके उपरांत मुख्य विकास अधिकारी ने सीएम हेल्पलाइन की समीक्षा करते हुए संबंधित विभागों को नियमित रूप से सीएम हेल्पलाइन पोर्टल की निगरानी करने और शिकायतों का प्राथमिकता के आधार पर समाधान करने के निर्देश दिए। उन्होंने यह भी सुनिश्चित करने के निर्देश दिए कि शिकायतकर्ताओं को निस्तारण की अद्यतन जानकारी समय पर उपलब्ध कराई जाए।

इस दौरान परियोजना निदेशक शिल्पी पंत, डीपीओ मंजूलता यादव, ईई सिंचाई केके जोशी, पर्यटन अधिकारी पीके गौतम, कृषि अधिकारी राजेंद्र उप्रेती, समाज कल्याण अधिकारी जसमीत कौर आदि मौजूद थे।

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