एंजेल चकमा हत्याकांड: मुख्यमंत्री धामी ने कहा—अराजक तत्वों को नहीं बख्शा जाएगा

ख़बर शेयर करें -

त्रिपुरा के छात्र एंजेल चकमा की हत्या के मामले को उत्तराखंड सरकार ने बेहद गंभीरता से लिया है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने स्पष्ट कहा है कि प्रदेश में इस तरह की घटनाएं किसी भी सूरत में स्वीकार्य नहीं हैं। उन्होंने पुलिस को निर्देश दिए हैं कि मामले में फरार आरोपित को जल्द से जल्द गिरफ्तार किया जाए और कानून-व्यवस्था से खिलवाड़ करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए।
मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार अराजक तत्वों से सख्ती से निपटेगी और इस जघन्य अपराध में संलिप्त किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा। उन्होंने भरोसा दिलाया कि उत्तराखंड में रहने वाले हर नागरिक की सुरक्षा राज्य सरकार की प्राथमिक जिम्मेदारी है। साथ ही, मुख्यमंत्री ने मृतक छात्र एंजेल चकमा के प्रति शोक संवेदना भी व्यक्त की।
पुलिस के अनुसार, इस मामले में अब तक पांच आरोपितों को गिरफ्तार किया जा चुका है। इनमें से दो नाबालिग हैं, जिन्हें बाल सुधार गृह भेजा गया है। एक अन्य आरोपित अभी फरार है, जिसकी गिरफ्तारी के लिए लगातार दबिश दी जा रही है। फरार आरोपित पर 25 हजार रुपये का इनाम घोषित किया गया है। पुलिस की एक टीम को उसकी तलाश में नेपाल भी भेजा गया है।

ये है मामला

यह भी पढ़ें 👉  अंतिम छोर तक जनसेवा पहुंचाने को प्रतिबद्ध प्रशासन, शामा उप-तहसील दिवस में गूंजीं 48 शिकायतें

जानकारी के मुताबिक, यह घटना 9 दिसंबर की शाम देहरादून के सेलाकुई क्षेत्र में हुई। त्रिपुरा के उनाकोटी जिले के नंदानगर निवासी एंजेल चकमा अपने छोटे भाई माइकल चकमा के साथ घर का सामान खरीदने निकले थे। माइकल उत्तरांचल यूनिवर्सिटी का छात्र है। प्रत्यक्षदर्शियों और परिजनों के अनुसार, शराब के नशे में धुत कुछ स्थानीय युवकों ने दोनों भाइयों के शारीरिक रंग-रूप को लेकर नस्लीय और अपमानजनक टिप्पणियां कीं।
जब दोनों भाइयों ने इस दुर्व्यवहार का विरोध किया, तो आरोपितों ने उन पर हमला कर दिया। इस घटना में माइकल के सिर पर गंभीर चोटें आईं, जबकि एंजेल पर चाकू से हमला किया गया। गंभीर रूप से घायल एंजेल को अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां वह लगभग दो सप्ताह तक आईसीयू में जिंदगी और मौत से जूझते रहे। इलाज के दौरान शुक्रवार को उनकी मौत हो गई।
पुलिस का कहना है कि फरार आरोपित की गिरफ्तारी के लिए प्रयास तेज कर दिए गए हैं और उसे जल्द ही पुलिस के शिकंजे में ले लिया जाएगा।

ADVERTISEMENTS
यह भी पढ़ें 👉  लोहाघाट में टनकपुर डिपो की रोडवेज बस दुर्घटनाग्रस्त, अपनी ही बस के पहिए के नीचे आने से चालक की मौत
Ad