नाबालिग का होना था विवाह, मौके पर पहुंच गई टीम, बालिग होने पर ही पुत्री का विवाह कराने की दिलाई शपथ

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बागेश्वर। जिले के एक गांव में विजयादशमी के दिन नाबालिग लड़की का विवाह होना था। सूचना मिलते ही टीम मौके पर पहुंच गई और विवाह रुकवाया।
थाना कौसानी पुलिस को गोपनीय रुप से सूचना प्राप्त हुई कि समीप के गांव में विजयदशमी के अवसर पर एक नाबालिक लड़की की शादी होने वाली है, प्राप्त सूचना से उच्चाधिकारियों को सूचित करते हुए तस्दीक हेतु तत्काल आवश्यक कार्यवाही कर थानाध्यक्ष कौसानी मनवर सिंह मय महिला पुलिस टीम के साथ गांव पहुचे तो सूचना को सही पाया। जिस पर थानाध्यक्ष कौसानी द्वारा मय वन स्टॉप सेन्टर, सीडब्ल्यूसी बागेश्वर की टीम को सूचित किया गया। मंगलवार को संयुक्त टीम मौके पर पहुंची तो पता चला कि गॉव में रहने वाले युवक के साथ नाबालिग लड़की का विवाह को होना तय हुआ है । जन्मतिथि के सम्बन्ध में दस्तावेज चैक किये तो लड़के की उम्र 19 वर्ष तथा लड़की की उम्र 18 वर्ष से कम होना पाया गया। इस पर कौसानी पुलिस /वन स्टॉप सेन्टर की टीम और सीडब्ल्यूसी टीम द्वारा नाबालिक लड़की तथा लड़के के परिजनों की काउंसलिंग करायी गयी एवं उन्हें बाल विवाह अधिनियम के बारे में जानकारी देकर जागरूक किया गया। बाद काउंसलिंग नाबालिग लड़की के पिता द्वारा लिखित प्रार्थना पत्र दिया कि वह अपनी पुत्री का विवाह बालिग होने के उपरान्त ही करेगें।
तत्पश्चात थानाध्यक्ष कौसानी मनवर सिंह, वन स्टॉप सेन्टर, सीडब्ल्यूसी की संयुक्त टीम ने मौके पर उपस्थित स्थानीय लोगों को बाल विवाह, बाल अपराध, महिला सुरक्षा, चाइल्ड हेल्प लाइन, बाल भिक्षा वृत्ति,मानव तस्करी, साइबर क्राइम, यातायात नियमों, नशा मुक्ति तथा उत्तराखण्ड पुलिस द्वारा चलाये जा रहे विभिन्न प्रकार के एप उत्तराखंड पुलिस एप, गौरा शक्ति एप, देवभूमि एप, उत्तराखण्ड ट्रैफिक आई एप के साथ-साथ डॉयल- 112, 1090,1098 साइबर हेल्पलाइन नम्बर- 1930 के बारे में विस्तृत जानकारी दी गई।

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