खाली होते गांव को आबाद रखने की अनूठी पहल, धूमधाम से मना टिटोली गांव का 129वां स्थापना दिवस

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बागेश्वर। बढ़ते पलायन के कारण पहाड़ के अधिकांश गांव खाली होते जा रहे हैं। कांडा तहसील का टिटोली गांव भी इससे अछूता नहीं है, लेकिन अब ग्रामीणों ने गांव को आबाद रखने के लिए एक अनूठी पहल की है। ग्रामीणों ने धूमधाम से गांव का 129वां स्थापना दिवस मनाया। इस मौके पर भव्य कार्यक्रम का आयोजन किया गया। गांव छोड़कर दिल्ली, मुंबई में बस गए लोग भी आए और सामूहिक रूप से गांव का जन्मदिन मनाया गया। ग्रामीणों ने केक काटा और गीत-संगीत के साथ जमकर जश्न भी मनाया।

टिटोली गांव को बसाने का श्रेय काफलीग़ैर के छाना-बिलौरी गांव से आए स्वर्गीय भवान सिंह रौतेला को जाता है। उन्होंने 1894 में टिटोली गांव में जमीन लेकर मकान बनाया था। आज उनके वंशज इस गांव में रहते हैं। उनके पड़पोते सेवानिवृत्त मेजर बीएस रौतेला बताते हैं कि गांव में अभी 5 परिवार रहते हैं और अधिकांश लोग महानगरों में बस गए हैं। खाली होते गांव को आबाद रखने के उद्देश्य से सभी ग्रामीणों ने मातृभूमि रक्षा समिति का गठन किया है। जिसके तहत निर्णय लिया गया कि महानगरों में बस चुके लोग भी साल में दो से तीन बार गांव आएंगे और यहां के विकास में योगदान देंगे। हर साल गांव में सामूहिक आयोजन भी किए जाएंगे और गांव में रहने वाले लोगों की भी हरसंभव मदद की जाएगी। ग्रामीणों की इस पहल की पूरे कांडा क्षेत्र में सराहना की जा रही है।

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